महाराणा प्रताप पर टिप्पणी के विरोध में उतरा राजपूत समाज 

- बुधवार शाम डोटासरा का पुतला फूंककर जताएंगे विरोध 

महाराणा प्रताप पर टिप्पणी के विरोध में उतरा राजपूत समाज 

जयपुर। महाराणा प्रताप को लेकर कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष और पूर्व कैबिनेट मंत्री गोविंद सिंह डोटासरा की अनर्गल बयानबाजी के खिलाफ राजपूत संगठन के लोगों ने विरोध जताया है। शौर्य फाउंडेशन की ओर से 23 फरवरी को जयपुर के वैशाली नगर स्थित वैशाली सर्किल पर डोटासरा का पुतला दहन किया जाएगा। वहीं संगठन से जुड़े तमाम सदस्यों ने अपने सोशल मीडिया एकाउंट पर डोटासरा के विरोध में डीपी लगाकर उसे शेयर किया है।


फाउंडेशन के सदस्य महिपाल सिंह करीरी ने बताया कि महाराणा प्रताप के शौर्य से हर कोई भलीभांति परिचित है। उन्होंने अपने क्षेत्र और प्रजा की रक्षा के लिए निडर होकर मुगल आक्रांताओं से संघर्ष किया है। आज उनकी वीरता और उनके बलिदान पर राज्य के नेता प्रश्नचिह्न खड़े कर रहे है, जो गलत है। महाराणा प्रताप ने कभी सत्ता के लिए लड़ाई नहीं लड़ी है, बल्कि अपने धर्म और संस्कृति को जिंदा रखने के लिए संघर्ष किया है। मेवाड़ के वीरों ने हमेशा भारत भूमि की रक्षा के लिए अदम्य साहस का परिचय दिया है।
ऐसे में कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा को इस तरह से बयानबाजी करना शोभा नहीं देता। डोटासरा के इसी बयान के विरोध में आज शौर्य फाउंडेशन की ओर से सोशल मीडिया पर कैंपेन चलाया गया है। वहीं 23 फरवरी को शाम 4 बजे पुतला दहन करके डोटासरा का विरोध बयान का विरोध जताया जाएगा।